Supreme Court SIR LIVE: पश्चिम बंगाल की सियासत अब सीधे सुप्रीम कोर्ट के दरवाजे तक पहुंच गई है. राज्य में चल रहे वोटर लिस्ट रिवीजन (SIR) को लेकर बड़ा संवैधानिक विवाद खड़ा हो गया है. इसमें मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के खिलाफ खुला मोर्चा खोल दिया है. इस हाई-प्रोफाइल कानूनी जंग के लिए ममता ने वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी और श्याम दीवान सहित मजबूत लीगल टीम को उतारा है. मामले की सुनवाई CJI की अध्यक्षता वाली बेंच करेगी और इस पर पूरे देश की नजरें टिकी हुई हैं. ममता बनर्जी सुप्रीम कोर्ट पहुंच चुकी हैं और इस सुनवाई को लोकतंत्र, चुनाव प्रक्रिया और संवैधानिक अधिकारों से जुड़े अहम मामले के तौर पर देखा जा रहा है.
पढ़ें सुनवाई पर लाइव अपडेट:
Supreme Court SIR LIVE: ममता बनर्जी बनाम चुनाव आयोग मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच करेगी. इसमें जस्टिस जॉयमाला बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली भी शामिल हैं. बेंच जल्द ही बैठने वाली है और कोर्ट रूम खचाखच भरा हुआ है. इस बीच मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कोर्ट नंबर-1 में मौजूद हैं, जहां वरिष्ठ अधिवक्ता श्याम दीवान उनके पक्ष में पैरवी करेंगे. वहीं वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी भी कोर्ट नंबर-1 पहुंच चुके हैं. इससे सुनवाई को लेकर हलचल और तेज हो गई है.
Supreme Court SIR LIVE: सुप्रीम कोर्ट में अभी मुख्य न्यायाधीश (चीफ जस्टिस) की बेंच नहीं बैठी है. इसके चलते कार्यवाही शुरू होने का इंतजार किया जा रहा है. संबंधित मामले की सुनवाई बेंच के बैठने के बाद शुरू होगी और इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं.
Supreme Court SIR LIVE: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सुप्रीम कोर्ट पहुंच चुकी हैं और तय कार्यक्रम के अनुसार कोर्ट की कार्यवाही में हिस्सा लेंगी. उनके सुप्रीम कोर्ट पहुंचने को लेकर राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज है और संबंधित मामले की सुनवाई पर सबकी नजर बनी हुई है.
Supreme Court SIR LIVE: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अपने निर्धारित कार्यक्रम के तहत सुप्रीम कोर्ट के लिए रवाना हो गई हैं. वह तय समय पर कोर्ट पहुंचकर निर्धारित सुनवाई और कार्यक्रम में हिस्सा लेंगी, जहां उनके पहुंचने को लेकर सियासी हलकों में भी हलचल बनी हुई है.
Supreme Court SIR LIVE: मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सुबह 10 बजे 181 साउथ एवेन्यू स्थित आवास से सुप्रीम कोर्ट के लिए रवाना होंगी. वह सुबह करीब 10:30 बजे तक कोर्ट नंबर-1 में मौजूद रहेंगी, जहां निर्धारित कार्यक्रम में भाग लेंगी.
Supreme Court SIR LIVE: सुप्रीम कोर्ट से निकलने के बाद ममता बनर्जी दोपहर करीब 1 बजे एयरपोर्ट के लिए रवाना होंगी. उनका चार्टर्ड विमान दोपहर 2 से 3 बजे के बीच कोलकाता के लिए उड़ान भरेगा.
न्यूज एजेंसी IANS के अनुसार इस मामले ने सियासी गलियारों में हलचल तेज कर दी है. ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि SIR प्रक्रिया के जरिए लाखों मतदाताओं के वोट देने का अधिकार छीनने की कोशिश हो रही है. उन्होंने आयोग पर राजनीतिक पक्षपात का आरोप भी लगाया है. सुप्रीम कोर्ट की बेंच इस संवेदनशील मामले पर सुनवाई करने जा रही है. इस सुनवाई पर पूरे देश की नजरें टिकी हैं. यह फैसला सिर्फ बंगाल ही नहीं बल्कि देश की चुनावी प्रक्रियाओं पर भी बड़ा असर डाल सकता है.
SIR विवाद आखिर है क्या?
स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन वोटर लिस्ट की जांच और संशोधन की प्रक्रिया है. चुनाव आयोग का कहना है कि इसका मकसद वोटर लिस्ट को साफ और सटीक बनाना है. लेकिन ममता बनर्जी और टीएमसी नेताओं का आरोप है कि इस प्रक्रिया के जरिए असली मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं. खासकर समाज के कमजोर और हाशिए पर रहने वाले वर्गों को प्रभावित करने का आरोप लगाया गया है. इसी वजह से यह मामला अब सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है.
क्या ममता बनर्जी खुद सुप्रीम कोर्ट में जिरह कर सकती हैं?
भारतीय कानून के तहत कोई भी व्यक्ति अपने केस में खुद पक्ष रख सकता है. अगर ममता बनर्जी ऐसा करती हैं तो यह बेहद असाधारण और ऐतिहासिक घटना होगी. हालांकि आमतौर पर संवैधानिक मामलों में वरिष्ठ वकील पक्ष रखते हैं. लेकिन राजनीतिक संदेश और जनसंपर्क के नजरिए से ममता बनर्जी का खुद अदालत में खड़ा होना बड़ा कदम माना जा सकता है. इससे राजनीतिक और कानूनी दोनों स्तरों पर बड़ा प्रभाव पड़ सकता है.
इस मामले का चुनावी राजनीति पर क्या असर पड़ सकता है?
यह विवाद बंगाल विधानसभा चुनाव की दिशा तय कर सकता है. अगर सुप्रीम कोर्ट SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाता है तो चुनाव आयोग को प्रक्रिया में बदलाव करना पड़ सकता है. वहीं अगर आयोग का पक्ष मजबूत रहता है तो TMC इसे राजनीतिक मुद्दा बनाकर जनता के बीच ले जा सकती है. दोनों ही स्थिति में यह मामला चुनावी माहौल को और ज्यादा गर्म कर सकता है.
सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई और सियासी टकराव
सुप्रीम कोर्ट की बेंच की अध्यक्षता मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत कर रहे हैं. यही बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी. इससे पहले टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा, डेरेक ओ’ब्रायन और डोला सेन भी इसी मुद्दे पर कोर्ट का रुख कर चुके हैं. ममता बनर्जी ने हाल ही में मुख्य चुनाव आयुक्त से मुलाकात कर अपनी आपत्तियां दर्ज कराई थीं. उन्होंने आरोप लगाया कि विशेष ऑब्जर्वर और माइक्रो ऑब्जर्वर सिर्फ पश्चिम बंगाल के लिए नियुक्त किए गए हैं, जो राजनीतिक मंशा को दर्शाता है.
आगे क्या हो सकता है?
- सुप्रीम कोर्ट SIR प्रक्रिया पर रोक या संशोधन के निर्देश दे सकता है.
- चुनाव आयोग को अपनी प्रक्रिया का विस्तृत जवाब देना पड़ सकता है.
- यह विवाद बंगाल चुनाव का बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन सकता है.
- ममता बनर्जी का कानूनी और राजनीतिक दांव राज्य की राजनीति को नया मोड़ दे सकता है.

