चंडीगढ़: भारतीय वायुसेना (IAF) का जगुआर लड़ाकू विमान शुक्रवार को अंबाला एयरबेस से उड़ान भरने के बाद पंचकुला में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हालांकि इस दौरान किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और पायलट ने सुरक्षित रूप से विमान से बाहर निकलने में सफलता पाई। अधिकारियों ने दुर्घटना की जांच के लिए कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी का आदेश दिया है। वायुसेना की ओर से बताया गया है कि यह हादसा नियमित प्रशिक्षण उड़ान के दौरान हुआ। विमान में तकनीकी खराबी आ गई थी। पायलट ने बस्ती से दूर विमान को गिराया।कब हुआ हादसा?
अंबाला एयरबेस से उड़ान भरने के कुछ देर बाद ही यह हादसा हुआ। दोपहर लगभग 3:45 बजे जगुआर लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। IAF अधिकारियों ने पुष्टि की है कि पायलट ने समय रहते विमान से निकलकर अपनी जान बचाई। पायलट ने सूझबूझ से विमान को रिहायशी इलाके से दूर गिराया, जिससे जान-माल का कोई नुकसान नहीं हुआ।
अंबाला एयरबेस से उड़ान भरने के कुछ देर बाद ही यह हादसा हुआ। दोपहर लगभग 3:45 बजे जगुआर लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। IAF अधिकारियों ने पुष्टि की है कि पायलट ने समय रहते विमान से निकलकर अपनी जान बचाई। पायलट ने सूझबूझ से विमान को रिहायशी इलाके से दूर गिराया, जिससे जान-माल का कोई नुकसान नहीं हुआ।
वायुसेना ने क्या कहा?
IAF ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक बयान जारी किया। उन्होंने बताया कि IAF का एक जगुआर विमान आज नियमित प्रशिक्षण उड़ान के दौरान अंबाला में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। तकनीकी खराबी के बाद पायलट विमान को रिहायशी इलाके से दूर ले जाकर खुद सुरक्षित बाहर निकल गया। यह वाकया उस समय हुआ जब विमान एक नियमित प्रशिक्षण मिशन पर था। जिसका मतलब है कि यह एक सामान्य अभ्यास उड़ान थी, न कि किसी ऑपरेशन का हिस्सा।
हादसे की जांच के आदेशदुर्घटना के कारणों की जांच के लिए कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी के आदेश दिए गए हैं। इस जांच में विमान के रखरखाव, मौसम की स्थिति और पायलट की कार्रवाई जैसे पहलुओं पर गौर किया जाएगा। यह जांच भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने में मदद करेगी। फ़िलहाल यह मामला अभी जांच के अधीन है और आगे और जानकारी आने की उम्मीद है।

