25 अक्टूबर को शिकायत दर्ज कराई
ताजा मामले में उन्होंने 25 अक्टूबर को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है कि वह ऑनलाइन ट्रेडिंग करते हैं। उन्हें साइप्रस की राजधानी निकोशिया से आरव शर्मा नामके एक शख्स ने वॉट्सऐप काल की थी। आरव ने उन्हें धमकाया और गालियां दीं।
मांगे 8 लाख रुपये
पांडा ने बताया वह फिनिक्स ग्रुप डॉट कॉम में ऑन लाइन ट्रेडिंग करते थे। वहां के राहुल गुप्ता के जरिए आरव शर्मा उनके संपर्क में आया था। पांडा का कहना है, मैंने अच्छा खासा मुनाफा कमाया था, मैंने यह मुनाफा अपने बैंक अकाउंट में जब विदड्रॉ करना चाहा तो वह अकाउंट में नहीं आया। इसकी जगह मुझसे कहा गया कि मैं टैक्स, कन्वर्जन, लिक्विडिटी और ट्रांजेक्शन फीस के नाम पर 8 लाख रुपये मांगे गए।
‘381 करोड़ फंसे’
पांडा का कहना है कि आरव शर्मा ने मेरे मुनाफे के 381 करोड़ रुपये हड़प लिए हैं। जब मैंने 8 लाख देने से मना किया तो शर्मा भड़क गया और मुझसे अभद्रता करने लगा। मैंने जब उसका आईडी और दूसरे कागज मांगे ताकि उसका ऑफिशल स्टेटस पता चला सके तो उसने इनकार कर दिया।
टेरर फंडिंग की धमकी दी
इसके बाद दीपक नामके एक दूसरे शख्स का फोन आया, उसने खुद को आरव शर्मा का असिस्टेंट बताया। दीपक ने धमकी दी कि अगर पांडा 8 लाख रुपये नहीं देंगे तो वह उन्हें टेरर फंडिंग के केस में फंसा देगा, उन्हें बहुत तकलीफ झेलनी होगी।
पांडा ने अपनी शिकायत में कहा है, इससे साफ है कि आरव शर्मा के टेरर ग्रुप से लिंक हैं। दीपक को भी इसकी जानकारी है। इसलिए बेहतर होगा कि यह केस सीबीआई या एनआई को सौंप दिया जाए।

