मध्य प्रदेश ने ‘विद्यार्थी के लिए आधार, अब विद्यालय के द्वार’ पहल में महत्वपूर्ण प्रगति की सूचना दी है, जिसमें 1.5 मिलियन से अधिक छात्रों ने अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट पूरा किया है। यूआईडीएआई और स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा समर्थित यह कार्यक्रम शहरी और ग्रामीण स्कूलों में प्रवेश, परीक्षा और प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण के लिए पहचान सत्यापन को बढ़ाता है।
India
-Oneindia Staff
मध्यप्रदेश
में
विद्यार्थियों
की
सुविधा
और
शैक्षणिक
सेवाओं
तक
सुगम
पहुंच
सुनिश्चित
करने
के
उद्देश्य
से
संचालित
‘विद्यार्थी
के
लिए
आधार,
अब
विद्यालय
के
द्वार’
पहल
के
अंतर्गत
अब
तक
15
लाख
से
अधिक
छात्रों
का
अनिवार्य
बायोमेट्रिक
अपडेट
(MBU)
सफलतापूर्वक
पूरा
किया
जा
चुका
है।
यह
अभियान
स्कूल
शिक्षा
विभाग,
राज्य
शिक्षा
केंद्र
और
भारतीय
विशिष्ट
पहचान
प्राधिकरण
(UIDAI)
के
सहयोग
से
संचालित
किया
जा
रहा
है।

विद्यालयों
में
प्रवेश,
प्रतियोगी
परीक्षाओं,
छात्रवृत्तियों
और
प्रत्यक्ष
लाभ
अंतरण
(DBT)
योजनाओं
का
लाभ
लेने
के
लिए
नवीनतम
बायोमेट्रिक्स
युक्त
आधार
कार्ड
अनिवार्य
है।
NTA,
UPSC
सहित
विभिन्न
परीक्षा
एजेंसियों
द्वारा
JEE,
NEET
जैसी
परीक्षाओं
में
आवेदन
और
परीक्षा
केंद्रों
पर
आधार
आधारित
पहचान
को
आवश्यक
किए
जाने
के
बाद
इस
अपडेट
का
महत्व
और
बढ़
गया
है।
अनिवार्य
बायोमेट्रिक
अपडेट
में
आधार
कार्ड
में
फोटो,
आइरिस
स्कैन
और
फिंगरप्रिंट
का
अद्यतन
शामिल
है।
पहला
MBU
पाँच
वर्ष
की
आयु
पूर्ण
होने
पर
और
दूसरा
15
वर्ष
की
आयु
पूर्ण
होने
पर
किया
जाना
आवश्यक
है।
5
से
17
वर्ष
आयु
वर्ग
के
बच्चों
के
लिए
यह
प्रक्रिया
निःशुल्क
है।
UIDAI
और
भारत
सरकार
के
विद्यालय
शिक्षा
एवं
साक्षरता
विभाग
के
सहयोग
से
UDISE+
पोर्टल
के
माध्यम
से
स्कूलों
को
छात्रों
के
आधार
में
लंबित
MBU
की
स्थिति
देखने
की
सुविधा
उपलब्ध
कराई
गई
है,
जिससे
समय
रहते
आवश्यक
कार्रवाई
संभव
हो
सकी
है।
इस
पहल
की
शुरुआत
15
अगस्त
2025
को
की
गई
थी।
बीते
चार
महीनों
में,
31
दिसंबर
2025
तक,
प्रदेशभर
के
2000
से
अधिक
स्कूलों
में
विशेष
MBU
शिविर
आयोजित
किए
गए।
इन
शिविरों
और
आधार
सेवा
केंद्रों
के
माध्यम
से
15
लाख
से
अधिक
छात्रों
ने
अपना
बायोमेट्रिक
अपडेट
कराया।
साथ
ही,
मध्यप्रदेश
में
सीबीएसई
के
क्षेत्रीय
कार्यालय
द्वारा
भी
सभी
सीबीएसई
स्कूलों
को
निर्देश
जारी
किए
गए
हैं
कि
वे
छात्रों
और
अभिभावकों
को
लंबित
MBU
शीघ्र
पूर्ण
कराने
के
लिए
प्रेरित
करें।
स्कूल
शिक्षा
विभाग,
राज्य
शिक्षा
केंद्र
और
UIDAI
द्वारा
यह
अभियान
वर्तमान
शैक्षणिक
सत्र
के
अंत
तक
जारी
रहेगा,
जिसमें
ग्रामीण
और
आदिवासी
क्षेत्रों
पर
विशेष
फोकस
रखा
जाएगा,
ताकि
अधिकतम
छात्रों
को
इस
पहल
का
लाभ
मिल
सके।
-

UP School Holiday: यूपी सरकार का बड़ा फैसला, कड़ाके की ठंड के चलते 8वीं तक के स्कूलों की बढ़ीं छुट्टियां
-

Tina Rijhwani religion: सलमान खान की होने वाली बहू टीना की जाति-धर्म क्या है, क्या करती हैं?
-

‘ये माननीय अध्यक्ष हैं’, नितिन नबीन को नेताओं ने ऐसा क्या कहा कि हाईकमान हुई गुस्सा, BJP में नया प्रोटोकॉल
-

Mamata Banerjee: ममता बनर्जी ने क्यों नहीं की शादी? परिवार में कौन-कौन? क्या है जाति? ‘दीदी’ की जिंदगी के राज
-

Umar Khalid: कौन हैं उमर खालिद की गर्लफ्रेंड बनोज्योत्स्ना लाहिरी? किस हाल में हैं माता-पिता, कैसा है परिवार
-

Winter Vacation: बढ़ती ठंड के बीच सर्दी की छुट्टियों पर आया बड़ा अपडेट, अब इस दिन से खुलेंगे स्कूल
-

Bihar School Closed: ठंड ने बढ़ाई टेंशन, बिहार में 8 जनवरी तक स्कूल बंद, 9वीं–12वीं का बदला टाइमटेबल, हर अपडेट
-

MP News: इंदौर में कड़ाके की ठंड से राहत, कलेक्टर का बड़ा फैसला, कक्षा 1 से 8वीं तक के स्कूल 3 दिन बंद
-

Chandigarh School Closed: चंडीगढ़ की स्कूलों में सर्दी की छुट्टियों को लेकर नया अपडेट, टाइमिंग में भी बदलाव
-

Bangladesh T20 वर्ल्ड कप मामले पर एक्शन मोड में जय शाह, तुरंत उठा लिया बड़ा कदम, क्या फैसला लिया?
-

धर्मेंद्र की मौत के 1 महीने बाद सौतेले बेटे सनी देओल के लिए ये क्या बोल गईं हेमा मालिनी? सामने रखा बड़ा सच
-

Navneet Rana की जाति क्या है, कितने बच्चों की मां हैं? ओवैसी को पाक जाकर 20 बच्चे पैदा करने की दी सलाह

