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Bihar Politics News: बिहार में बुधवार को वह घटना घटी है, जो राज्य के एनडीए राज में शायद ही कभी देखने को मिली थी. क्या बिहार चुनाव 2025 में ‘मां का लाडला’ यानी तेजस्वी यादव और पीएम मोदी के ‘लाडले’ नीतीश कुमार के…और पढ़ें
क्या 2025 में नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव में ही मुकाबला होगा?
हाइलाइट्स
- बिहार में नीतीश कैबिनेट का विस्तार हुआ.
- बीजेपी के 7 मंत्री बने, जेडीयू कोटे से कोई नहीं.
- 2025 चुनाव में तेजस्वी और नीतीश के बीच मुकाबला.
पटना. बिहार की सियासत ने बुधवार को एक बार फिर से नई करवट ली है. बिहार की राजनीति में बुधवार को एक ऐसी घटना घटी है, जो बिहार एनडीए में अमूमन कम ही देखने को मिलती है. बिहार में नीतीश कैबिनेट का विस्तार हुआ है. लेकिन, इस विस्तार में जहां बीजेपी के 7 मंत्री बने, वहीं जेडीयू कोटे से एक भी मंत्री ने शपथ नहीं ली. हालांकि, इसके पीछे ये तर्क दिया जा रहा है कि जिसकी जितनी हिस्सेदारी, उसकी उतनी भागीदारी. लेकिन, जब यही तर्क था तो बिहार में बीते एक साल से जेडीयू और बीजेपी में कशमकश क्यों चल रही थी? आखिर अब अचानक ऐसा क्या हो गया कि बीजेपी के 7 मंत्री बन गए और जेडीयू ने ऐतराज तक नहीं किया? क्या इसके पीछे पीएम मोदी का भागलपुर दौरा और सीएम नीतीश कुमार को ‘लाडला’ शब्द कहना बड़ी भूमिका निभाया है? क्या मान लिया जाए कि इस बार भी बिहार में ‘मां का लाडला’ यानी तेजस्वी यादव और पीएम मोदी का ‘लाडला’ यानी नीतीश कुमार ही अपने-अपने गठबंधन का चेहरा होंगे?
बुधवार को बीजेपी कोटे से सात मंत्री बने हैं. बीजेपी ने बिहार मंत्रिमंडल का विस्तार कर साल 2025 चुनाव के लिए बिगुल फूंक दिया है. लेकिन, लाख टके का सवाल यह है कि क्या पीएम मोदी के चेहरे पर इस बार बिहार का चुनाव लड़ा जाएगा या बिहार एनडीए का चेहरा नीतीश कुमार ही होंगे? हालांकि, बीजेपी कई बार बोल चुकी है कि नीतीश कुमार ही बिहार में एनडीए का चेहरा हैं. लेकिन, नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार का यह बोलना कि पिता जी को एनडीए सीएम फेस घोषित करे, बता रहा है कि बिहार में नीतीश कुमार को लेकर अंदरखाने कुछ न कुछ बात जरूर हो रही है.
‘पीएम मोदी का लाडला वर्सेज मां का लाडला’
क्योंकि, तेजस्वी यादव हाल के दिनों में नीतीश कुमार पर सबसे ज्यादा आक्रामक दिखाई दे रहे हैं. नीतीश कुमार तो बहुत कम ही तेजस्वी को जवाब दे रहे हैं. लेकिन, जेडीयू तेजस्वी यादव को लगातार घेर रही है. ऐसे में पीएम मोदी का भागलपुर दौरा और फिर बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार बताता है कि जेडीयू के साथ-साथ बीजेपी भी अब तेजस्वी यादव को जवाब देगी. दिल्ली चुनाव की तरह पीएम मोदी ही बिहार चुनाव में भी एनडीए का चेहरा होंगे. बिहार चुनाव में आरजेडी के हर वार का जवाब पीएम मोदी नीतीश कुमार की ढाल बनकर देंगे.
हालांकि, बुधवार को बिहार मंत्रिमंडल का विस्तार बीजेपी के दबदबे को भी दर्शाता है. नीतीश मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद विपक्षी पार्टियां बिहार में एक और राजनीतिक खेला होने का अनुमान लगा रही हैं. लेकिन. कहीं न कहीं आरजेडी को इस बात का डर सता रहा है कि अगर 11 मार्च को दिल्ली की राउस एवेन्यू कोर्ट में कैश फोर जॉब मामले की सुनवाई में लालू यादव फिर से जेल जाते हैं तो क्या होगा? इस मामले में बिहार के पूर्व सीएम लालू यादव के साथ-साथ पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव को सीबीआई ने आरोपी बनाया है. ऐसे में दोनों की गिरफ्तारी से इनकार नहीं किया जा सकता है. हालांकि, तेजस्वी यादव के पक्ष में एक बात जाती है कि जब यह मामला हुआ था तो तेजस्वी यादव नाबालिग थे. शायद यही एक वजह है, जिस पर अदालत से उनको कुछ रियायत मिल सकती है.
February 26, 2025, 20:28 IST

