IMD Weather Today: इस बार के मानसून सीजन में अल नीनो की वजह से बारिश पर नकारात्मक असर पड़ने की आशंका जताई गई थी. मौसम विज्ञानियों का मानना है कि साल के अंत में अब यह पूरी तरह से एक्टिव होगा. इसका असर सर्दी के मौसम पर पड़ने की प्रबल संभावना जताई गई है. हालांकि, लोकल वेदर सिस्टम की वजह से भारत में अभी तक अल नीनो का असर नहीं पड़ा है. बंगाल की खाड़ी में लगातार नए सिस्टम डेवलप होने की वजह से बारिश का दौर लगातार जारी है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की मानें तो बंगाल की खाड़ी में एक और लो प्रेशर सिस्टम एक्टिव हो गया है. इसकी वजह से बंगाल से लेकर पूर्वोत्तर, ओडिशा, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में मूसलाधार बारिश की संभावना बनी हुई है. IMD के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में भी मध्यम से भारी बारिश हो सकती है. प्रभावित क्षेत्रों में तेज हवा के साथ मूसलाधार बारिश होने के आसार हैं. मौसम विभाग ने मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है.
IMD के अनुसार, देश के कई हिस्सों में अगले 7 दिनों के दौरान मानसून सक्रिय रहने का अनुमान है. उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में व्यापक बारिश होने की संभावना है. बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी हिस्से और उससे सटे पश्चिम बंगाल-उत्तर ओडिशा तट के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बना है. इसके प्रभाव से अगले दो दिनों में पश्चिम बंगाल, ओडिशा, छत्तीसगढ़ और झारखंड में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. ओडिशा और पश्चिम बंगाल में 17 अगस्त को कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है. मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में भी सप्ताह के अधिकांश दिनों में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है. जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश और 17 से 19 अगस्त के बीच कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है. हिमाचल प्रदेश में 17-18 अगस्त को बहुत भारी बारिश और 19 से 22 अगस्त के बीच फिर भारी बारिश की संभावना है. उत्तराखंड में 18 से 22 अगस्त के दौरान भारी बारिश हो सकती है.
दिल्ली भी नहीं बचेगी
हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली तथा पंजाब में 17-18 अगस्त को भारी बारिश का अनुमान है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 18 अगस्त और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 19 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है. उत्तर प्रदेश में अगले तीन से चार दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है. इसके पीछे मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा सामान्य स्थिति से उत्तर की ओर बने रहना प्रमुख कारण बताया गया है. उत्तराखंड, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और पूर्वी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक और आकाशीय बिजली की भी संभावना है.
बंगाल-ओडिशा में मूसलाधार बारिश की संभावना है.
बंगाल-बिहार-झारखंड-ओडिशा में भारी बारिश के आसार
पूर्वी भारत में भी मौसम काफी सक्रिय रहने वाला है. पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 22 अगस्त तक व्यापक बारिश की संभावना है. बिहार और झारखंड में 17 से 19 अगस्त और ओडिशा में 20 अगस्त तक मूसलाधार बारिश हो सकती है. झारखंड में 17-18 अगस्त को बहुत भारी बारिश की चेतावनी है. बिहार में 17 से 20 अगस्त तक भारी बारिश और ओडिशा में 17 अगस्त को भारी बारिश की संभावना है. ओडिशा में 17 अगस्त को कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश का खतरा है. पूर्वोत्तर राज्यों में भी अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. अरुणाचल प्रदेश में 21 अगस्त तक और असम-मेघालय तथा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 22 अगस्त तक व्यापक बारिश हो सकती है. अरुणाचल प्रदेश में 17-18 अगस्त को बहुत भारी बारिश और असम-मेघालय समेत अन्य पूर्वोत्तर राज्यों में कई दिनों तक भारी बारिश की संभावना है. इस दौरान गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं भी हो सकती हैं.
मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़ में भी भारी बारिश के आसार
मध्य भारत में पश्चिमी मध्य प्रदेश में 19 से 21 अगस्त तक व्यापक बारिश का अनुमान है. पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 22 अगस्त तक बारिश का दौर जारी रह सकता है. पश्चिमी मध्य प्रदेश में 20-21 अगस्त को बहुत भारी बारिश, जबकि छत्तीसगढ़ और पूर्वी मध्य प्रदेश में 17 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की संभावना है.
गुजरात-गोवा में भी बदलेगा मौसम
पश्चिमी भारत में कोंकण और गोवा में 22 अगस्त तक व्यापक बारिश हो सकती है. गुजरात क्षेत्र में 17 से 22 अगस्त तक छिटपुट बारिश की संभावना है. कोंकण-गोवा और मध्य महाराष्ट्र में 17 अगस्त को भारी बारिश का अनुमान है. दक्षिण भारत में तटीय कर्नाटक में 22 अगस्त तक व्यापक बारिश जारी रह सकती है, जबकि केरल और माहे तथा लक्षद्वीप में 20 अगस्त तक व्यापक बारिश की संभावना है. तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 18-19 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है. तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में भी भारी बारिश का अनुमान है. कई दक्षिणी राज्यों में 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और झोंकों के साथ 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है.
मछुआरों से खास अपील
मौसम विभाग ने समुद्री गतिविधियों को लेकर भी मछुआरों को सतर्क रहने की सलाह दी है. अरब सागर में गुजरात तट के आसपास 18 अगस्त तक खराब समुद्री परिस्थितियां रह सकती हैं. बंगाल की खाड़ी में पश्चिम बंगाल, ओडिशा और बांग्लादेश तट के पास 19 अगस्त, उत्तर आंध्र प्रदेश तट के पास 18 अगस्त और अंडमान सागर में 18 अगस्त तक समुद्र में न जाने की चेतावनी दी गई है. अधिकारियों ने मछुआरों से मौसम की स्थिति को देखते हुए आवश्यक सावधानी बरतने की अपील की है.

