India
oi-Bhavna Pandey
देश
भर
के
प्रमुख
एयरपोर्ट
पर
इंडिगो
की
बड़े
पैमाने
पर
उड़ानें
रद्द
होने
की
वजह
से
यात्रियों
को
हुए
संकट
के
बाद
केंद्र
सरकार
ने
इस
मामले
की
जांच
के
आदेश
दिए
हैं।
नागरिक
उड्डयन
महानिदेशालय
(DGCA)
ने
इंडिगो
के
सीईओ
पीटर
एल्बर्स
को
कारण
बताओ
नोटिस
जारी
किया
था,
जिसका
एयरलाइन
ने
अब
औपचारिक
जवाब
दिया
है।
इंडिगो
ने
DGCA
को
बताया
कि
पिछले
सप्ताह
हुई
देशव्यापी
उड़ान
में
आए
रुकावट
के
लिए
“अत्यधिक
खेद”
है।
एयरलाइन
ने
इसे
कई
परिचालन
चुनौतियों
के
दुर्भाग्यपूर्ण
और
अप्रत्याशित
समस्या
का
परिणाम
बताया
है।

ध्यान
रहे,
यह
नोटिस
इंडिगो
द्वारा
एक
ही
दिन
में
रिकॉर्ड
1,000
से
अधिक
उड़ानें
रद्द
होने
पर
जारी
हुआ
था।
इंडिगो
कंपनी
ने
जवाब
देते
हुए
“गहरा
अफसोस”
व्यक्त
किया
और
साथ
ही
कहा
कि
फ्लाइट
के
संचालन
में
आई
समस्या
का
सटीक
कारण
बताना
तुरंत
संभव
नहीं
था।
इंडिगो
ने
जांच
के
लिए
मांगा
और
समय?
इंडिगो
ने
कहा,
DGCA
दिशानिर्देश
नोटिस
पर
प्रतिक्रिया
के
लिए
15
दिन
देता
है
इसलिए
IndiGo
ने
इस
समस्या
की
मूल
कारणों
के
विश्लेषण
के
लिए
अतिरिक्त
समय
चाहिए।
इसके
साथ
ही
इंडिगो
ने
रिपोर्ट
पूरा
होने
पर
सौंपने
का
आश्वासन
दिया।
Indigo
गिनाए
वो
कारण
जिसके
कारण
सैकड़ों
फ्लाइट
हुईं
कैंसिल
हालांकि
इंडिगो
एयरलाइन
ने
अपने
शुरुआती
जांच
के
आधार
बताया
कि
उसके
नेटवर्क
में
आई
हालिया
बाधाएं
कई
कारकों
के
संयुक्त
प्रभाव
का
परिणाम
थीं।
इनमें
छोटी-मोटी
तकनीकी
दिक्कतें,
सर्दियों
के
सीजन
की
शुरुआत
के
कारण
हुए
शेड्यूल
बदलाव,
प्रतिकूल
मौसम
की
स्थितियां,
बढ़ती
हवाई
यातायात
भीड़
और
नए
क्रू
रोस्टरिंग
नियमों
(‘फ्लाइट
ड्यूटी
टाइम
लिमिटेशन
–
FDTL
फेज
2’)
के
लागू
होने
से
उत्पन्न
चुनौतियां
शामिल
हैं।
इंडिगो
ने
यह
भी
स्पष्ट
किया
कि
वह
इन
FDTL
नियमों
पर
नागर
विमानन
महानिदेशालय
(DGCA)
के
साथ
चर्चा
कर
रहा
था
और
कुछ
नियामक
छूटों
की
मांग
भी
की
थी।
एयरलाइन
के
मुताबिक,
इन
सभी
कारकों
के
संयुक्त
असर
से
दिसंबर
महीने
के
शुरुआती
दिनों
में
‘ऑन-टाइम
परफॉर्मेंस’
में
गिरावट
आई
और
क्रू
मेंबर्स
की
उपलब्धता
गंभीर
रूप
से
प्रभावित
हुई।
स्थिति
को
संभालने
के
लिए
इंडिगो
ने
5
दिसंबर
को
नेटवर्क
का
‘रीबूट’
किया,
जिसके
तहत
बड़ी
संख्या
में
उड़ानें
तत्काल
रद्द
कर
दी
गईं।
Indigo
ने
बताया
कैसे
हुआ
सुधार?
कंपनी
का
कहना
है
कि
यह
महत्वपूर्ण
निर्णय
फंसे
हुए
यात्रियों
को
राहत
देने,
हवाई
अड्डों
पर
बढ़ती
अव्यवस्था
को
नियंत्रित
और
कम
करने,
और
क्रू
सदस्यों
तथा
विमानों
को
प्रभावी
ढंग
से
पुनः
तैनात
करने
के
उद्देश्य
से
लिया
गया
था।
इस
नेटवर्क
रीबूट
के
बाद,
6
दिसंबर
से
इंडिगो
की
सेवाएं
धीरे-धीरे
सामान्य
होने
लगीं।
इस
बीच,
सूत्रों
के
अनुसार,
सरकारी
अधिकारी
और
DGCA
मंगलवार
सुबह
11
बजे
इंडिगो
के
सीईओ
पीटर
एल्बर्स
से
मुलाकात
कर
हालिया
परिचालन
विफलताओं
की
समीक्षा
करेंगे।
केंद्र
सरकार
यह
भी
जांच
रही
है
कि
संचालन
स्थिर
करने
और
बड़े
पैमाने
पर
उड़ानों
की
recurrence
रोकने
हेतु
IndiGo
के
कुछ
मार्गों
में
कटौती
या
पुनर्गठन
की
आवश्यकता
है
या
नहीं।

