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NEET JEE Free Coaching: भारतीय सेना ने नीट और जेईई कोचिंग के लिए एक बड़े इंस्टीट्यूट के साथ करार किया है. इसके तहत, सेवारत/पूर्व सैनिकों के बच्चों को कोचिंग फीस में 20% छूट मिलेगी, जबकि वीरता पुरस्कार विजेताओं के बच्चों को यह सुविधा पूरी तरह मुफ्त मिलेगी.
NEET JEE Free Coaching: सैनिकों के बच्चे मुफ्त में नीट-जेईई की कोचिंग कर सकेंगेनई दिल्ली (NEET JEE Free Coaching). सेना में नौकरी कर रहे और पूर्व सैनिकों के बच्चों के लिए भारतीय सेना ने शानदार कदम उठाया है. देश की सबसे प्रतिष्ठित मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं, नीट और जेईई की तैयारी में आर्थिक सहायता देने के लिए सेना ने बड़ी शैक्षिक पहल की है. इसके तहत, दिल्ली स्थित प्रमुख कोचिंग संस्थान आकाश इंस्टीट्यूट के साथ सेना ने कॉन्ट्रैक्ट किया है. इस समझौते का मुख्य उद्देश्य सैन्य परिवारों के बच्चों को टॉप कोचिंग की फीस में छूट प्रदान करना है.
सैनिकों के सम्मान में शानदार पहल
सेवारत और सेवानिवृत्त सैन्य कर्मियों के बच्चों को अच्छी क्वॉलिटी वाली कोचिंग सुनिश्चित करने के लिए भारतीय सेना ने आकाश एजुकेशनल सर्विसेज के साथ व्यापक समझौता किया है. यह करार सुनिश्चित करता है कि देशभर के आकाश इंस्टीट्यूट केंद्रों पर इन स्टूडेंट्स को फीस में खास रियायत और स्कॉलरशिप प्रदान की जाएगी. इस समझौते के माध्यम से इंस्टीट्यूट न केवल एकेडमिक गाइडेंस देगा, बल्कि स्टूडेंट्स को करियर काउंसलिंग भी उपलब्ध कराएगा.
शहीदों और वीरता पुरस्कार विजेताओं को निशुल्क कोचिंग
यह पहल खासकर उन परिवारों के लिए एक बड़ा सम्मान है, जिन्होंने देश के लिए सबसे बड़ा त्याग किया है. सेना और आकाश इंस्टीट्यूट के बीच हुए इस समझौते के तहत, शहीदों के बच्चों, 20 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वाले सैनिकों के बच्चों और वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों के बच्चों को नीट और जेईई परीक्षाओं की तैयारी के लिए 100 प्रतिशत फीस छूट (पूरी तरह मुफ्त कोचिंग) दी जाएगी. सभी सैन्य परिवारों ने सेना के इस फैसले का स्वागत किया है.
देश के किसी भी कोने से उठा सकेंगे फायदा
जेईई नीट मुफ्त कोचिंग योजना को सुलभ बनाने के लिए कोचिंग सुविधा ऑनलाइन (Online) और ऑफलाइन (Offline), दोनों माध्यमों से उपलब्ध कराई जाएगी. इसका मतलब है कि सैन्य परिवार, भले ही देश के दूर-दराज के क्षेत्रों में तैनात हों या रह रहे हों, अपने बच्चों को इस सुविधा से जोड़ सकते हैं. इससे किसी भी भौगोलिक बाधा के कारण कोई भी पात्र बच्चा हाई क्वॉलिटी शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा.
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With over more than 10 years of experience in journalism, I currently specialize in covering education and civil services. From interviewing IAS, IPS, IRS officers to exploring the evolving landscape of academi…और पढ़ें
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