Last Updated:
जौनपुर के जलालपुर ब्लॉक के किसान बृजेश कुमार पटेल ने बेहद कम जमीन में आधुनिक और वैज्ञानिक खेती अपनाकर शानदार मिसाल पेश की है. सिर्फ 10 बिस्वा जमीन में भिंडी की खेती कर उन्होंने 8 हजार रुपये की लागत से करीब 60 हजार रुपये का मुनाफा कमाया. अब उनकी सफलता से प्रेरित होकर आसपास के किसान भी पारंपरिक खेती छोड़ आधुनिक उद्यानिकी की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं.
जौनपुर: जनपद के विकास खंड जलालपुर के ग्राम आदत शाहपुर कलां निवासी प्रगतिशील किसान बृजेश कुमार पटेल आज क्षेत्र के किसानों के लिए मिसाल बन चुके हैं. बेहद कम जमीन और सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने आधुनिक और वैज्ञानिक खेती अपनाकर यह साबित कर दिया कि यदि सही तकनीक और नई सोच हो तो छोटी खेती से भी लाखों की कमाई की जा सकती है.
इंटरमीडिएट शिक्षित बृजेश कुमार पटेल के पास कुल 0.506 हेक्टेयर कृषि भूमि है. पहले वे परंपरागत रूप से धान और गेहूं की खेती करते थे, लेकिन बढ़ती लागत और कम आमदनी के कारण आर्थिक स्थिति मजबूत नहीं हो पा रही थी. इसके बाद उन्होंने उद्यान विभाग से संपर्क किया और आधुनिक खेती की शुरुआत की.
ट्रेनिंग ने बदली किस्मत
बृजेश कुमार पटेल ने बताया कि जिला उद्यान विभाग द्वारा संचालित हाइटेक नर्सरी और प्रशिक्षण कार्यक्रम ने उनकी जिंदगी बदल दी. उन्होंने उन्नत किस्म की भिंडी, कद्दू, टमाटर, करेला और बैंगन की खेती शुरू की. वैज्ञानिक तरीके से बेड बनाकर रोपाई की गई और लाइन से लाइन की दूरी 30 सेंटीमीटर तथा पौधे से पौधे की दूरी 20 सेंटीमीटर रखी गई. साथ ही खरपतवार नियंत्रण और समय पर सिंचाई पर विशेष ध्यान दिया गया.
8 हजार रुपये की लागत से 60 हजार की कमाई
किसान बृजेश कुमार पटेल ने बताया, “मैंने सिर्फ 10 बिस्वा जमीन में लगभग 8 हजार रुपये की लागत से भिंडी की खेती शुरू की थी. करीब 60 दिनों में मुझे लगभग 60 हजार रुपये का शुद्ध लाभ हुआ. अभी भी फसल की तुड़ाई जारी है जिससे करीब 20 हजार रुपये अतिरिक्त लाभ मिलने की उम्मीद है. इसके अलावा दूसरी सब्जियों से भी करीब 20 हजार रुपये की कमाई हुई है. खेती में सफलता के लिए बड़ी जमीन नहीं बल्कि सही तकनीक और मेहनत जरूरी है.”
उन्होंने कहा कि पहले उन्हें लगता था कि कम जमीन में ज्यादा कमाई संभव नहीं है, लेकिन आधुनिक खेती और विभागीय सहयोग ने उनकी सोच बदल दी. अब आसपास के किसान भी उनसे प्रेरणा लेकर सब्जियों की खेती की जानकारी लेने पहुंच रहे हैं.
कम भूमि में भी हो सकती है ज्यादा कमाई
जिला उद्यान अधिकारी सीमा सिंह राणा ने बताया कि उद्यान विभाग लगातार किसानों को आधुनिक तकनीक, उन्नत बीज और प्रशिक्षण उपलब्ध करा रहा है. उन्होंने कहा, “बृजेश कुमार पटेल जैसे किसान यह साबित कर रहे हैं कि वैज्ञानिक खेती अपनाकर कम भूमि से भी बेहतर उत्पादन और अधिक आय प्राप्त की जा सकती है. विभाग किसानों को हर संभव तकनीकी सहायता प्रदान कर रहा है ताकि उनकी आय बढ़ाई जा सके.”
आज बृजेश कुमार पटेल की सफलता गांव के अन्य किसानों के लिए प्रेरणा बन चुकी है और लोग पारंपरिक खेती छोड़ आधुनिक उद्यानिकी खेती की ओर तेजी से कदम बढ़ा रहे हैं.
About the Author
विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…और पढ़ें

